विषय: रेलवे NTPC – गणित (अंकगणित) अध्याय: 2.9 समय और दूरी विषय-वस्तु: चाल दूरी समय, औसत चाल
समय और दूरी अंकगणित का वह अध्याय है जिसमें किसी गतिशील वस्तु (गाड़ी, व्यक्ति, साइकिल आदि) की चाल, उसके द्वारा तय की गई दूरी तथा लगे समय के बीच के संबंध का अध्ययन किया जाता है। RRB NTPC की परीक्षा में यह अत्यंत महत्वपूर्ण अध्याय है और प्रत्येक वर्ष इससे तीन से पांच प्रश्न पूछे जाते हैं। चाल, दूरी और समय का संबंध जितना सरल दिखता है, उतने ही अधिक प्रश्न इस पर आधारित होते हैं।
इस अध्याय का मूल सूत्र अत्यंत सरल है: दूरी = चाल × समय। इस एक सूत्र से चाल = दूरी ÷ समय तथा समय = दूरी ÷ चाल दोनों व्युत्पन्न किए जा सकते हैं। चाल की मूल इकाई किलोमीटर प्रति घंटा (किमी/घंटा) है, परंतु परीक्षा में प्रश्न अक्सर मीटर प्रति सेकंड (मी/से) या दोनों इकाइयों के परस्पर परिवर्तन से पूछे जाते हैं। इकाई परिवर्तन के सूत्र 1 किमी/घंटा = 5/18 मी/से तथा 1 मी/से = 18/5 किमी/घंटा याद रखना अत्यंत आवश्यक है।
तीसरा प्रमुख पक्ष औसत चाल है, जिसकी गणना उन प्रश्नों में की जाती है जिनमें कोई वस्तु अलग-अलग चालों से अलग-अलग समय तक यात्रा करती है। औसत चाल = कुल दूरी ÷ कुल समय। विशेष रूप से यदि समान दूरी अलग-अलग चालों से तय की जाती है, तो औसत चाल सरल माध्य नहीं होती, बल्कि हरात्मक माध्य के नियम से निकाली जाती है। इस अध्याय की अच्छी समझ के लिए इकाई परिवर्तन, औसत चाल तथा आगे आने वाले ट्रेन अध्याय से संबंध को स्पष्ट रूप से समझना आवश्यक है।
मूल सूत्र: दूरी = चाल × समय। यदि चाल किमी/घंटा में और समय घंटों में हो, तो दूरी किलोमीटर में प्राप्त होती है। यदि चाल मी/से में हो और समय सेकंड में, तो दूरी मीटर में मिलती है। प्रश्न हल करते समय सबसे पहले सभी इकाइयों को समान करना आवश्यक है।
इकाई परिवर्तन: किमी/घंटा को मी/से में बदलने के लिए 5/18 से गुणा करें और मी/से को किमी/घंटा में बदलने के लिए 18/5 से गुणा करें। उदाहरण के लिए 72 किमी/घंटा = 72 × 5/18 = 20 मी/से। इसी प्रकार 15 मी/से = 15 × 18/5 = 54 किमी/घंटा।
समय एवं चाल की गणना: यदि दूरी और चाल दी हो तो समय = दूरी ÷ चाल, और यदि दूरी और समय दी हो तो चाल = दूरी ÷ समय। समय को मिनट या घंटों में बदलते समय सावधानी बरतें, क्योंकि दशमलव घंटों की त्रुटि प्रायः गलत उत्तर देती है।
पहुँचने का समय एवं देरी: कई प्रश्नों में दी गई दूरी और दो अलग-अलग चालों से लगने वाले समय का अंतर दिया होता है, जिससे दूरी ज्ञात की जाती है। यदि x किमी/घंटा की चाल से t1 घंटे और y किमी/घंटा की चाल से t2 घंटे लगते हैं, तो दूरी = (x × y)/(x − y) × (t1 − t2) के रूप में निकाली जाती है, बशर्ते दूरी समान हो।
सामान्य औसत चाल: जब कोई वस्तु अलग-अलग चालों से अलग-अलग समय तक यात्रा करती है, तो औसत चाल = कुल दूरी ÷ कुल समय। यहाँ भारित औसत की धारणा लागू होती है, अर्थात जितने समय तक किसी चाल से यात्रा की गई, उसी के अनुपात में उसका प्रभाव औसत पर पड़ता है।
समान दूरी की विधि: जब कोई वस्तु समान दूरी को दो अलग-अलग चालों x और y से तय करती है, तो औसत चाल = 2xy/(x + y)। यह सबसे महत्वपूर्ण सूत्र है और RRB NTPC में बार-बार पूछा जाता है। ध्यान रखें कि यह (x + y)/2 के बराबर नहीं है।
तीन समान दूरियाँ: यदि तीन समान दूरियों को चालों a, b, c से तय किया जाए, तो औसत चाल = 3abc/(ab + bc + ca)। यह सूत्र भी परीक्षा में उपयोगी है परंतु इसकी जटिलता के कारण अधिकांश प्रश्न दो समान दूरियों वाले ही पूछे जाते हैं।
आधी दूरी-आधी दूरी की चाल: कुछ प्रश्नों में दूरी का आधा भाग एक चाल से और शेष आधा भाग दूसरी चाल से तय किया जाता है, जो उपर्युक्त सूत्र का ही रूपांतरण है। परंतु यदि प्रश्न में समय का आधा भाग एक चाल से और आधा दूसरी चाल से हो, तो औसत चाल सरल माध्य (x + y)/2 होगी, क्योंकि समय समान है।
अनुपात विधि: यदि चाल में परिवर्तन होने पर समय में परिवर्तन होता है तो दूरी निश्चित रहने पर चाल और समय व्युत्क्रमानुपाती होते हैं। अर्थात चाल दोगुनी करने पर समय आधा हो जाता है। इसी सिद्धांत पर देरी-पहुँचने वाले अनेक प्रश्न बनते हैं।
धारा के साथ-विरुद्ध: यद्यपि यह अवधारणा नाव-धारा अध्याय से संबंधित है, परंतु समय-दूरी के अंतर्गत भी धारा के साथ और विरुद्ध चाल की गणना की जाती है। धारा के साथ चाल = स्थिर जल में चाल + धारा की चाल, तथा धारा के विरुद्ध चाल = स्थिर जल में चाल − धारा की चाल।
सापेक्ष चाल की झलक: दो वस्तुएं एक ही दिशा में चलने पर सापेक्ष चाल = चालों का अंतर, और विपरीत दिशा में चलने पर = चालों का योग। यद्यपि यह विस्तृत रूप से ट्रेन अध्याय में आता है, परंतु समय-दूरी के प्रश्नों में दो व्यक्तियों के मिलने का समय ज्ञात करने हेतु इसका उपयोग किया जाता है। मिलने का समय = प्रारंभिक दूरी ÷ सापेक्ष चाल।
विपरीत दिशाओं में दौड़: दो दौड़धावक एक ही बिंदु से विपरीत दिशाओं में दौड़ते हों तो उनके बीच की दूरी बढ़ने की दर उनकी चालों का योग होती है, जबकि एक ही दिशा में दौड़ने पर दूरी बढ़ने की दर उनकी चालों का अंतर होती है। इस सिद्धांत का उपयोग दौड़ (Race) संबंधी प्रश्नों में होता है।
| मात्रा | सूत्र |
|---|---|
| दूरी | चाल × समय |
| चाल | दूरी ÷ समय |
| समय | दूरी ÷ चाल |
| किमी/घंटा से मी/से | × 5/18 |
| मी/से से किमी/घंटा | × 18/5 |
| स्थिति | औसत चाल |
|---|---|
| सामान्य (अलग-अलग समय) | कुल दूरी ÷ कुल समय |
| दो समान दूरियाँ (x, y) | 2xy/(x + y) |
| तीन समान दूरियाँ (a, b, c) | 3abc/(ab + bc + ca) |
| आधा समय x, आधा समय y | (x + y)/2 |
| चाल अनुपात a : b | समय अनुपात b : a |
flowchart TD
A[2.9 समय और दूरी] --> B[दूरी = चाल × समय]
A --> C[इकाई परिवर्तन]
A --> D[औसत चाल]
A --> E[देरी और पहुँचना]
A --> F[सापेक्ष चाल]
B --> G[चाल और समय ज्ञात करना]
C --> H[5/18 और 18/5]
D --> I[समान दूरी 2xy/वाय]
E --> J[दूरी = xy/अंतर × समय अंतर]
F --> K[एक ही दिशा में अंतर]
F --> L[विपरीत दिशा में योग]
समय और दूरी अंकगणित का एक अत्यंत उच्च-अंक वाला अध्याय है, जो सरल सूत्र दूरी = चाल × समय पर आधारित होने के बावजूद इकाई परिवर्तन तथा औसत चाल की सूक्ष्मताओं के कारण चुनौतीपूर्ण बन जाता है। मूल सूत्र, 5/18 और 18/5 के गुणक, समान दूरी की औसत चाल 2xy/(x + y) तथा सापेक्ष चाल की अवधारणाओं को पूर्णतः आत्मसात करके नियमित अभ्यास करने पर विद्यार्थी इस अध्याय के प्रश्नों को न्यूनतम समय में सटीकता से हल कर सकता है। यह अध्याय आगे के ट्रेन और गति संबंधी प्रश्नों की नींव भी तैयार करता है।